[ग्राउंड रिपोर्ट] : नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी दिल्ली के मजदूरों-छात्रों का एकजुट संघर्ष

एकता // 163 दिन लंबे संघर्ष की बदौलत दिल्ली सरकार द्वारा मजदूरों की बहाली के मिले आदेश के बावजूद यूनिवर्सिटी ने तत्काल बहाली से इनकार किया, और वार्ता करने गए मजदूर व छात्रा के खिलाफ पुलिस बुलाई। पुलिस डिटेंशन व एफआईआर की धमकी के बावजूद 6 महीने लंबा संघर्ष अब भी जारी। नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी … More [ग्राउंड रिपोर्ट] : नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी दिल्ली के मजदूरों-छात्रों का एकजुट संघर्ष

फासीवाद पर विजय के 75 साल : इतिहास के सबक और आगे का रास्ता

ए. प्रिया // किसी ने सही कहा है कि, “अगर हम द्वितीय विश्व युद्ध में शहीद हुए हर सोवियत संघ के जवान के लिए एक मिनट का मौन रखें, तो पूरी दुनिया दशकों के लिए शांत हो जाएगी।” 75 साल पहले लाल सेना द्वारा नाजी जर्मनी की राजधानी बर्लिन पर आक्रमण और राइखस्टाग ईमारत पर … More फासीवाद पर विजय के 75 साल : इतिहास के सबक और आगे का रास्ता

निजीकरण की ओर तेजी से बढ़ते कदम

ए. प्रिया // कोरोना महामारी की गिरफ्त में पूरी दुनिया त्राहिमाम कर रही है और कुछ भी सामान्य नहीं रह गया है। इस अभूतपूर्व स्थिति के साथ ही, मौजूदा व्यवस्था की कमियां और सड़ांध भी सतह पर आ गई हैं। इतनी उथल-पुथल की स्थिति में बड़े क्रांतिकारी उभार के बीज जरुर छुपे होते हैं, लेकिन साथ ही पूंजीपतियों के लिए भी इतनी अराजकता के बीच अपना मकसद सिद्ध करने के अवसर होते हैं। … More निजीकरण की ओर तेजी से बढ़ते कदम

अर्थव्यवस्था को मजदूर चलाते हैं पूंजी नहीं

एस. वी. सिंह // विस्थापित मजदूरों पर हो रहे जुल्मों की व्यथा की एक से बढ़कर एक भीषण हृदयविदारक रिपोर्ट आना बंद नहीं हो रहीं। उनकी मौत और विनाश की ऐसी दिल दहलाने वाली, सच्चाईयां उजागर हो रही हैं जिनको किसी भी जिंदा इन्सान को सहन करना मुमकिन नहीं। देशभर से दिन रात हर वक्त … More अर्थव्यवस्था को मजदूर चलाते हैं पूंजी नहीं

मजदूर-विरोधी श्रम सुधारों की महामारी

एस. राज // पूरे विश्व में फैले कोरोना वायरस महामारी के प्रकोप ने दुनिया भर में तालाबंदी जैसी स्थिति सामान्य बना दी है। इस तालाबंदी में लगभग सभी उत्पादन संबंधित गतिविधियां अभूतपूर्व स्तर पर ठप पड़ी हैं जिसके कारण पहले से ही एक गंभीर संकट से जूझ रही विश्व पूंजीवादी व्यवस्था को इस महामारी और … More मजदूर-विरोधी श्रम सुधारों की महामारी

22 मई 2020 अखिल भारतीय विरोध प्रदर्शन : केंद्रीय ट्रेड यूनियनें, अब यहां से किधर?

शेखर // 22 मई की अखिल भारतीय मजदूर हड़ताल बेहद विषम और प्रतिकूल परिस्थितियों में बुलाई गयी थी। इसका आह्वान दस केंद्रीय ट्रेड यूनियनों, जिसमे मुख्यतः मुख्य धारा के वाम दल बहुलता में हैं, के द्वारा किया गया, जिसमें लगभग सभी ट्रेड यूनियनों और ट्रेड यूनियन मोर्चों, चाहे वे जिससे भी संबद्ध हों, ने भाग … More 22 मई 2020 अखिल भारतीय विरोध प्रदर्शन : केंद्रीय ट्रेड यूनियनें, अब यहां से किधर?

क्या अमेरिका क्रांति के मुहाने पर आ खड़ा हुआ है?

अमेरिका में 25 मई 2020 को अश्वेत अमेरिकी जॉर्ज फ्लॉयड की पुलिस अधिकारि‍यों द्वारा गर्दन दबाकर की गई बेरहम हत्या के बाद दूसरे सप्‍ताह में भी विरोध प्रदर्शन तेजी से बढ़ते जा रहे हैं। जॉर्ज फ्लॉयड आज अमेरिका में न्याय और बराबरी तथा शोषण व अत्‍याचार के अंत की मांग के प्रतीक बन चुके हैं। … More क्या अमेरिका क्रांति के मुहाने पर आ खड़ा हुआ है?

‘केरला मॉडल’: कोविड-19 शायद इसका जीवनकाल बढ़ा दे

प्रसाद वी. // केरल भारत के उन कुछ राज्यों में से एक है जहां सरकार ने कोरोना वैश्विक महामारी से लड़ने हेतु कुछ गंभीर प्रबंध किया है और इन प्रयासों का अच्छा परिणाम भी प्राप्त हुआ है। इस लेख को लिखने के दौरान भी केरल में संक्रमित लोगों की संख्या लगातार बढ़ रही है। पर … More ‘केरला मॉडल’: कोविड-19 शायद इसका जीवनकाल बढ़ा दे

भारतीय अर्थव्यवस्था में बढ़ता पूंजी संकेंद्रण

एम. असीम // ‘भारत ‘भारत की 20 सर्वाधिक लाभप्रद फ़र्म आज देश के कुल लाभ का 70% उत्पन्न करती हैं, जो 30 साल पहले 14% ही था। भारत में अंतरगुंफित अर्थव्यवस्था (हाइवे, सस्ती उड़ानें, ब्रॉडबैंड, जीएसटी) के उदय ने बड़ी, कुशल फर्मों को श्रेष्ठ तकनीक और अधिक पूंजी के प्रयोग द्वारा छोटे प्रतिद्वंद्वियों को मसल … More भारतीय अर्थव्यवस्था में बढ़ता पूंजी संकेंद्रण

‘आपदा से अवसर’ – नवउदारवादी हमला और तेज

एम. असीम // 2008 के वैश्विक वित्तीय संकट के दौर में लीमान ब्रदर्स के दिवालिया होने के वक्त बहुत से भलेमानुसों का सोचना था कि अपने इस संकट की वजह से अब नवउदारवाद कदम पीछे हटाने को विवश होगा। मगर तभी ओबामा के चीफ ऑफ स्टाफ और वित्तीय क्षेत्र के पूर्व बड़े प्रबंधक राम इमैनुएल … More ‘आपदा से अवसर’ – नवउदारवादी हमला और तेज